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    आपके अंदर है कपड़ों को लेकर फैशन सेंस, तो वेडिंग ड्रेसेस के बिजनेस से होगी लाखों की कमाई

    आपके अंदर है कपड़ों को लेकर फैशन सेंस, तो वेडिंग ड्रेसेस के बिजनेस से होगी लाखों की कमाई

    आपके अंदर है कपड़ों को लेकर फैशन सेंस, तो वेडिंग ड्रेसेस के बिजनेस से होगी लाखों की कमाई
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    By CNBCTV18.COMNov 24, 2022 6:10:45 PM IST (Updated)

    शादी के कपड़ों पर लोग काफी पैसे खर्च करने को तैयार रहते हैं, बशर्ते लिबास उनके मन के मुताबिक हो. इसके लिए आपका फैशन सेंस अच्छा होना बहुत जरूरी है. लेकिन सिर्फ बिजनेस शुरू करना ही सब कुछ नहीं, इसे सक्सेसफुल बिजनेस में तब्दील करना भी जरूरी है.

    अगर आपको फैशन का समझ है, तो कपड़ों का बिजनेस शुरू करना आपके स्किल और क्रिएटिविटी को करियर में बदलने का एक शानदार तरीका हो सकता है. वैसे तो कपड़ों के बिजनेस में किड्स वेयर, होजरी मटेरियल के कपड़े भी शामिल हैं, लेकिन यहां हम बात कर रहे हैं शादी के सीजन के मद्देनजर वेडिंग ड्रेसेस की. ये काफी प्रॉफिट मार्जिन वाला बिजनेस हैं.
    शादी की पोशाकों पर लोग काफी पैसे खर्च करने को तैयार रहते हैं, बशर्ते लिबास उनके मन के मुताबिक हो. इसके लिए आपका फैशन सेंस अच्छा होना बहुत जरूरी है. लेकिन सिर्फ बिजनेस शुरू करना ही सब कुछ नहीं, इसे सक्सेसफुल बिजनेस में तब्दील करना भी जरूरी है.
    आपने भी ऐसे कई लोगों को देखा होगा जिनका कपड़ों का बिजनेस बुरी तरह से फ्लॉप हुआ हो. इसका सबसे बड़ा कारण बिजनेस प्लान न बनाना या गलत बिजनेस प्लान होता है. ऐसे में यहां हम कपड़ों का बिजनेस किस तरह शुरू किया जा सकता है इसके बारे में बता रहे हैं.
    रिटेल या होलसेल मॉडल चुनें
    किसी भी बिजनेस के शुरू करने के लिए सबसे जरूरी है रिसर्च. इसी के आधार पर बेहतर प्लान तैयार किया जा सकता है. रिसर्च के आधार पर अपने हिसाब से तय करें कि आप रिटेल मॉडल पर जाना चाहते हैं या होलसेल मॉडल पर. होलसेल मॉडल में कपड़ों के बिजनेस को शुरू करने के लिए बड़ी मात्रा में निवेश की आवश्यकता होती है. वहीं रिटेल मॉडल में कम लागत में बिजनेस शुरू किया जा सकता है.
    मॉडल के हिसाब से पूंजी जुटाएं
    बिजनेस को शुरू करने के बाद उसे चलाने के लिए भी पूंजी की आवश्यकता होती है. इसलिए कपड़े खरीदने से लेकर मार्केटिंग पर होने वाले खर्च और ऑफिस या दुकान के किराए को जोड़कर अपना एस्टिमेट बनाए. इस हिसाब से आपके पास पैसे होने चाहिए नहीं तो मुश्किल में पड़ सकते हैं. व्यापार शुरू करने के लिए अगर प्लान अनुसान पूंजी की कमी पड़ रही है तो लोन से भी इसे जुटा सकते हैं.
    लाइसेंस और परमिट
    गुमास्ता लाइसेंस से लेकर पैन नंबर, जीएसटी जिन भी चीजों की जरूरत है उसे बनवाए. अगर आप अपने कपड़ों के बिजनेस को ऑनलाइन करना चाहते हैं तो फ्लिपकार्ट, अमेज़न आदि जैसे सभी ऑनलाइन मार्केटप्लेस पर रजिस्टर करें. आप खुद की वेबसाइट बनाकर भी अपने बिजनेस को ऑनलाइन ले जा सकते हैं. इसके अलावा आपको करंट बैंक अकाउंट की भी जरूरत पड़ेगी.
    स्टॉक के लिए सप्लायर ढूंढे
    आपके पास सभी तरह के ग्राहकों की जरूरतों का स्टॉक होना चाहिए. रिटेल या होलसेल दोनों ही मॉडल के लिए आपको ऐसा सप्लायर ढूंढना होगा जो सही रेट पर अच्छी क्वालिटी का माल दे सके. वहीं आप ब्रांडेड क्लोथ के लिए किसी एक ब्रांड की फ्रेंचाइजी भी ले सकते हैं. आपको अलग-अलग जगहों से अपना स्टॉक मंगाना चाहिए ताकि किसी एक सप्लायर पर आपकी निर्भरता न हो.
    कपड़ों की प्राइसिंग
    कपड़ों का बिजनेस काफी कॉम्पिटिटिव है. ऐसे में अपने कॉम्पिटिटर्स से मुकाबला करने के लिए सही कीमत और अच्छी क्वालिटी काफी मायने रखती है. आप डिस्काउंट का भी सहारा ले सकते हैं. शुरुआत में आपको हो सकता है थोड़ा ज्यादा डिस्काउंट देना पड़े, लेकिन ये सेल बढ़ाने और कॉम्पिटिटर से मुकाबला करने में आपकी मदद करेगा. जब आपका अच्छा कस्टमर बेस हो जाए तो फिर आप कीमत थोड़ा बढ़ा भी सकते हैं.
    मार्केटिंग प्लान बनाए
    कपड़ो की सेलिंग बढ़ाने के लिए मार्केटिंग प्लान बनना जरूरी है. एक मार्केटिंग प्लान आपके बिजनेस की कामयाबी में एक बड़ा रोल प्ले करता है. आपको कपड़ों को ऑनलाइन बेचना हो या ऑफलाइन दोनों ही मोड में आपको ग्राहकों तक पहुंचना होगा. आपको अपने पोटेंशियल कस्टमर्स के अनुसार ही अपनी मार्केटिंग स्ट्रेटजी बनानी चाहिए. उदाहरण के लिए अगर आप कपड़ों को ऑनलाइन बेच रहे हैं तो सोशल मीडिया का इस्तेमाल बेहतर रहेगा.
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