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Infosys Results Today : आज शाम कंपनी जारी करेगी अक्टूबर-दिसंबर तिमाही के नतीजे, निवेशक के लिए 3 काम की बातें

share market | IST

Infosys Results Today : आज शाम कंपनी जारी करेगी अक्टूबर-दिसंबर तिमाही के नतीजे, निवेशक के लिए 3 काम की बातें

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Infosys Q3 Results Estimates : आईटी सेक्टर की एक और कंपनी इन्फोसिस अपने तिमाही नतीजों का ऐलान गुरुवार को यानी 12 जनवरी को करेगी. कंपनी का मुनाफा 7 फीसदी बढ़कर 6480 करोड़ रुपये रहने का अनुमान है.

देश की दिग्गज आईटी कंपनी में से एक इन्फोसिस आज शाम अक्टूबर-दिसंबर तिमाही के नतीजे जारी करने वाली है. Infosys का मुनाफा अक्टूबर-दिसंबर तिमाही में 7.6% बढ़कर 6480 करोड़ रुपये होने का अनुमान है. CNBC-TV18 की रिसर्च टीम का अनुमान है कि मुनाफा 6021 करोड़ रुपये से बढ़कर 6480 करोड़ रुपये हो सकता है. वहीं, कंपनी की आमदनी 1.45% बढ़ने का अनुमान है.
शेयर की बात करें तो...
एक हफ्ते में शेयर 2 फीसदी टूटा है. वहीं, 3 महीने में 3 फीसदी चढ़ा है. एक साल में शेयर 20 फीसदी टूट चुका है. हालांकि, 3 साल में पैसा डबल हो गया है.
कैसे रहेंगे इन्फोसिस के तिमाही नतीजे?
सीएनबीसी के अनुमान के मुताबिक, नाफा 6021 करोड़ रुपये से बढ़कर 6480 करोड़ रुपये हो सकता है. मुनाफे में 7 फीसदी की ग्रोथ आ सकती है.
आमदनी 1.45फीसदी बढ़ने का अनुमान है. कंपनी के मार्जिन्स पर नज़र डालें तो मौजूदा वित्त वर्ष की पहलीतिमाही यानी अप्रैल-जून में ये 20.06 फीसदी थे. अगली तिमाही यानी जुलाई-सितंबर में ये बढ़कर 21.55 फीसदी हो गए. अब इनके बढ़कर 21.88 फीसदी होने का अनुमान है.
कैसे गाइडेंस जारी कर सकती है कंपनी
साल 2023 में आमदनी 15-16 फीसदी तक बढ़ सकती है. एबिट मार्जिन्स 21 – 22 फीसदी रह सकते है. बाजार का मानना है कि इसमें कोई चेंज नहीं होगा.
IT कंपनियों के तिमाही नतीजों में एक निवेशक को क्या चेक करना चाहिए?
बेहतर IT कंपनी चुनने के लिए नतीजे हमेशा तिमाही-दर-तिमाही देखें. IT में नई डील और ग्राहक जुड़ने का असर सीज़नल होता है.
IT कंपनियों पर रुपये के उतार-चढ़ाव का असर रहता है. IT कंपनियों के लिए प्राइसिंग की ख़ास अहमियत है. प्राइसिंग यानी वो कीमत जो IT कंपनियां अपने ग्राहकों से वसूल करती हैं.
गाइडेंस-IT कंपनियां अपने नतीजों के साथ ही गाइडेंस भी जारी करती हैं. गाइडेंस यानी कंपनी अगली तिमाही और साल में कितनी ग्रोथ का अनुमान लगा रही है. गाइडेंस लक्ष्य हासिल करने का अच्छा ट्रैक रिकॉर्ड रखने वाली कंपनी निवेश के लिए बेहतर है
Attrition-Attrition rate यानी कंपनी में कर्मचारियों की नौकरी छोड़ने की दर होती है. Attrition rate ज़्यादा रहने पर कंपनी को सैलरी बढ़ानी पड़ती है. सैलरी बढ़ाने का असर कंपनी के मुनाफ़े पर पड़ता है.
डिस्क्लेमर: CNBC TV18 हिंदी पर दी गई सलाह या विचार एक्सपर्ट/ब्रोकरेज फर्म के अपने निजी विचार हैं. वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदायी नहीं है. निवेश से पले आप अपने वित्तीय सलाहकार यानी सर्टिफाइड एक्सपर्ट की राय जरूर लें.
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